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नोएडा और ग्रेनो के लोगों की थाली में सब्जी नहीं, जहर!

Tricity Today Correspondent/Noida

 

हाईटेक शहरों नोएडा और ग्रेटर नोएडा के लोग जहरीली सब्जियां खा रहे हैं। दरअसल, ये सब्जियां जिस पानी से उगाई जा रही हैं, उसमें कोई भी जलीय जीव चंद सेकेंडों में दम तोड़ देता है। देश की सबसे प्रदूषित नदी हिंडन के किनारे ये सब्जियां उगाई जा रही हैं। सिंचाई के लिए लैड और आर्सेनिक जैसे घातक रसायनों वाला पानी इस्तेमाल किया जा रहा है। इन सब्जियों को खाने से कोई भी घातक बीमारी आपको लग सकती है। यह बात यहां सब्जी उगाने वाले भी जानते हैं। यह शिकायत नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल जा चुकी है। हिंडन के प्रदूषित जल का इस्तेमाल सब्जियां उगाने में करने पर रोक लगाई जा चुकी है लेकिन, धड़ल्ले से यह जहरीला कारोबार चल है।

 

 

हिंडन नदी गाजियाबाद होते हुए एनएच-24 पार करने के बाद छिजारसी गांव से नोएडा और ग्रेटर नोएडा में प्रवेश करती है। ग्रेटर नोएडा में मोमना थल गांव के पास यमुना में मिलती है। इसके दोनों किनारों पर 2,200 गांव और कस्बे हैं। नदी किनारे डिस्टलरी, कमेले, शुगर मिल, पेपर मिल और केमिकल प्लांट लगे हैं। छोटे-बड़े सब मिलाकर करीब 12 हजार उद्योग हैं। इनमें वाटर ट्रीटमेंट प्लांट नहीं हैं। रसायनिक और प्रदूषित पानी सीधे नदी में छोड़ा जा रहा है। 650 छोटे-बड़े नाले इसमें गिर रहे हैं।

 

नोएडा और ग्रेटर नोएडा में इसी हिंडन नदी के किनारों पर बडे पैमाने पर सब्जी की खेती हो रही है। सिंचाई के लिए प्रदूषित जल इस्तेमाल हो रहा है। जो सब्जियो में जहर भर रहा है। ऐसा नहीं है की सब्जी उगाने वाले यह बात नहीं जानते लेकिन फिर भी तिल-तिल कर मरने का कारोबार जारी है।

 

सब्जी उगाने वाले रामेश्वर का कहना है कि यहां हम लोग सारी सब्जियां उगाते हैं। शहर में बेचने ले जाते हैं। सिंचाई के लिए पानी हिंडन नदी से लाते हैं। हिंडन नदी यहां से थोड़ी दूर है। पानी बहुत खराब है। इस पानी से सब्जियों में भी बीमारी लग जाती हैं। जिससे बचाने के लिए दवाएं लगाते हैं।

 

इन प्रदूषित सब्जियां प्रयोग बेहद खतरनाक है। इनके इस्तेमाल से कीटाणु और घातक रसायन मरीज के शरीर में पहुंचते हैं। दूषित और बैक्टीरिया वाली सब्जियों का असर दिमाग पर हो सकता है। शुरू में मरीज को मिर्गी, सिरदर्द और मुंह टेढ़ा होने जैसे लक्षण सामने आते हैं। एमआरआई में इसका पता चलता है। कैंसर, विकलागता, ब्लड प्रेशर, त्वचा रोग और फेफड़े की बीमारियां पनप रही हैं।

डा.राहुल कुमार, फीजिशियन