पश्चिम बंगाल के उद्यमी पहुंचे गाजियाबाद, यूपीएसआईडीसी के अधिकारी ने किया फर्जीवाड़ा

Ghaziabad News : पश्चिम बंगाल के उद्यमी पहुंचे गाजियाबाद, यूपीएसआईडीसी के अधिकारी ने किया फर्जीवाड़ा

पश्चिम बंगाल के उद्यमी पहुंचे गाजियाबाद, यूपीएसआईडीसी के अधिकारी ने किया फर्जीवाड़ा

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पश्चिम बंगाल के उद्यमी पहुंचे गाजियाबाद, यूपीएसआईडीसी के अधिकारी ने किया फर्जीवाड़ा Ghaziabad : गाजियाबाद के नामजद लोगों द्वारा पश्चिम बंगाल के उद्यमी के साथ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है। आरोपी पर पश्चिम बंगाल के उद्यमी सुशील कुमार नेवातियाके जमीन के कागजात पर फर्जी हस्ताक्षर करके जमीन अपने नाम कराने का केस दर्ज है। उद्यमी ने विजयनगर थाने में यूपीएसआईडीसी के अधिकारी समेत चार नामजद लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। इस मामले की शिकायत उन्होनें कोलकाता में थी, लेकिन अब इस मामले को गाजियाबाद भेज दिया गया है।

आरोपी हैं गाजियाबाद के नामजद लोग
पश्चिम बंगाल के उद्यमी सुशील कुमार नेवातिया की जमीन के कागजात पर फर्जी हस्ताक्षर करके दूसरे के नाम कराने का मामला सामने आया है। मामले में उद्यमी सुशील कुमार नेवातिया ने विजयनगर थाने में यूपीएसआईडीसी के अधिकारी सहित चार नामजद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। इस मामले की जानकारी उन्होंने कोलकाता में दी थी, जिसे बाद में गाजियाबाद भेज दिया गया है।

पश्चिम बंगाल के उद्यमी पहुंचे गाजियाबाद
पश्चिम बंगाल के उद्यमी सुनील कुमार नेवातिया का कोलकाता में विकास इस्पात उघोग के नाम से फर्म है। सुनील कुमार नेवातिया का कहना है कि 1994 में उन्होंने अपने एक रिश्तेदार अनिल कुमार नेवातिया को गाजियाबाद में कंपनी का प्रबंधक बनाया था। 1997 से 2003 के बीच उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए जमीन की एक योजना आई। इस योजना में उन्होंने जीटी रोड स्थित औद्योगिक क्षेत्र में दो प्लाट लिया। 

फर्जी हस्ताक्षर करके किया फर्जीवाड़ा
उद्यमी सुनील कुमार नेवातिया का आरोप है कि 2018 में वह गाजियाबाद आए तो पता चला कि उनका प्लाट किसी दूसरी कंपनी के नाम पर हैं। उस प्लाट की कीमत करीब पांच करोड़ रुपये है। मामले की छानबीन करने पर पता चला कि जिस व्यक्ति को सुनील ने प्रबंधक बनाया था उसने सुनील के फर्जी हस्ताक्षर करके यह फर्जीवाड़ा किया है। 

यूपीएसआईडीसी के अधिकारी भी शामिल
सुनील का यह आशंका जताई है कि यूपीएसआईडीसी में तैनात अधिकारी और कर्मचारियों की मिलीभगत से ही यह फर्जीवाड़ा किया गया है। थाना प्रभारी योगेंद्र मलिक का कहना है कि मामले के आरोपी अनिल नेवातिया, पीयूष, अनिता, यूपीएसआईडीसी के अधिकारी और कर्मचारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।

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