नोएडा-ग्रेटर नोएडा मेट्रो सोमवार सुबह से चलेगी, इन नियमों का पालन करना पड़ेगा

नोएडा-ग्रेटर नोएडा मेट्रो सोमवार सुबह से चलेगी, इन नियमों का पालन करना पड़ेगा

Google Image | NMRC

Noida-Greater Noida Metro (Aqua Line) सोमवार को साढ़े पांच महीने बाद लोगों के लिए शुरू हो रही है। ऐसे में अचानक सवारियां की संख्या बढ़ने से कोरोना संक्रमण फैल सकता है, इसको देखते हुए Noida Metro Rail Corporation (NMRC) ने पूरी तैयारी कर ली है। सवारी बढ़ने पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए तीन विकल्प अपनाए जाएंगे। वहीं, दूसरी ओर रविवार को फुल ट्रायल किया गया है। नोएडा के सेक्टर-51 स्टेशन पर मॉक ड्रिल भी की गई है।

एनएमआरसी के पास कुल 19 ट्रेन, 14 ही रूट पर चलेंगी

एनएमआरसी के अधिकारियों ने बताया कि हर स्टेशन और मेट्रो कोच में लगे सीसीटीवी कैमरों के जरिए ऑपरेशन कंट्रोल रूप से निगरानी की जाएगी। इसके लिए अलग से टीम लगाई गई हैं। अधिकारियों ने बताया कि सोमवार से एनएमआरसी के पास कुल 19 ट्रेन हैं। इनमें से 14 ही रूट पर चलाई जाती हैं। सोमवार से 7 ट्रेन ही चलाई जाएंगी। बाकी ट्रेन रिजर्व में तैयार रहेंगी। 

भीड़ कंट्रोल करने के लिए तीन विकल्प पर काम कर रही सरकार

भीड़ नियंत्रित करने के लिए पहले विकल्प के रूप में अगर स्टेशन पर भीड़ बढ़ती है तो तुरंत दूसरी ट्रेन चलाई जाएगी। अगर इसके बाद भी भीड़ अधिक होती है तो दूसरे विकल्प के रूप में स्टेशन पर बिना रूके मेट्रो निकल जाएगी। मेट्रो कम भीड़ वाले स्टेशन पर ही रूकेगी। इसके अलावा तीसरा विकल्प भी तैयार किया हुआ है। अधिक भीड़ होने पर स्टेशन में ही सवारियों का प्रवेश बंद कर दिया जाएगा। मेट्रो की सुरक्षा व्यवस्था संभाल रही पीएससी बटालियन 49 की कमांडेंट कल्पना सक्सेना ने बताया कि पूरे रूट पर 330 पीएसी कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। हर स्टेशन पर 12 से 14 कैमरे और 5 से 6 पीएसी के जवान रहेंगे।

एक ट्रेन में करीब 200 लोग सफर कर सकेंगे

रविवार को इस रूट पर फुल ट्रायल किया गया है। मेट्रो के 35 राउंड ट्रिप लगेंगे। एक ट्रेन में करीब 200 लोग सफर कर सकेंगे। एनएमआरसी की प्रवक्ता संध्या शर्मा ने बताया कि रविवार को फुल ट्रायल किया गया है। सोमवार को सुबह और शाम मेट्रो चलेगी ठीक उसी प्रकार रविवार को तय समय पर मेट्रो पूरे रूट पर चलाकर देखी गई है। स्टेशनों पर 30 सेकेंड तक मेट्रो रोकी गई है। प्रवक्ता ने बताया कि हर कोच में करीब 50 लोगों को सफर करने की अनुमति होगी। इनमें 25 लोग बैठकर व 25 खड़े होकर सफर कर सकेंगे। ऐसे में चार कोच की एक मेट्रो में करीब 200 लोग सफर कर सकेंगे।

पूरे रूट का किया गया निरीक्षण, स्टेशनों पर व्यवस्था भी देखी

नोएडा-ग्रेनो मेट्रो चलने के लिए तैयार हो चुकी है। शनिवार को नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (एनएमआरसी) के चीफ ऑपरेटिंग ऑफीसर समेत अन्य अधिकारियों ने पूरे रूट का निरीक्षण किया। कुछ स्टेशनों पर उतरकर व्यवस्था देखी। निरीक्षण में सभी चीजें सही मिली। एनएमआरसी के चीफ ऑपरेटिंग ऑफीसर आर के सक्सेना ने शनिवार को सुबह करीब साढ़े नौ बजे ग्रेटर नोएडा स्थित डिपो स्टेशन से निरीक्षण शुरू किया। डिपो से सेक्टर-51 तक पूरे रूट का निरीक्षण किया। 

निरीक्षण में सभी तैयारियां ठीक ठीक मिली हैं

इस दौरान परी चौक, सेक्टर-142, 143, 148 और 51 पर उतरकर व्यवस्थाएं भी देखी। निरीक्षण के दौरान ट्रैक, ट्रेन, सिग्नलिंग, कंट्रोल रूम ओएचई लाइन, स्टेशन परिसर पर तैयारी का जायजा लिया। स्टेशनों पर स्टेशन इंचार्ज और कर्मचारियों से तैयारियों को लेकर बातचीत भी की। दोपहर करीब ढाई बजे निरीक्षण का काम पूरा हो गया। एनएमआरसी की प्रवक्ता ने बताया कि निरीक्षण में सभी तैयारियां ठीक ठीक मिली हैं।

मास्क नहीं लगा तो 500 रुपए जुर्माना

मेट्रो स्टेशन आने पर अगर मास्क नहीं लगा है या चेहरा नहीं ढका है तो 500 रुपए का जुर्माना लगाया जाएगा। हालांकि जिनके पास मास्क नहीं हैं उनको स्टेशन पर 10 रुपए में मास्क उपलब्ध कराया जाएगा।  

हर स्टेशन पर दो पीपीई किट

कोरोना संदिग्ध मिलने पर उनके संपर्क में आने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए हर स्टेशन पर दो पीपीई किट रखी जाएंगी। इसके अलावा ग्लब्ज, मास्क भी पर्याप्त संख्या में स्टेशनों पर कर्मचारियों के लिए उपलब्ध रहेंगे।

ई-रिक्शों में दो लोगों को ही अनुमति

आने वाले दिनों में स्टेशनों से भी ई-रिक्शे चलाने की अनुमति दे दी जाएगी। सामाजिक दूरी को ध्यान में रखते हुए हर रिक्शे में सिर्फ 2 लोगों को ही बैठने की अनुमति दी जाएगी।

क्या करें, क्यों न करें, बताया जाएगा स्टेशनों पर

स्टेशन में प्रवेश करने पर सवारियों को क्या करना है और क्या नहीं करना है, की जानकारी डिस्पले बोर्ड व उद्घोषणा के जरिए दी जाएगी। वीडियो के माध्यम से भी ट्रेन के अंदर व बाहर लोगों को जागरूक किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि पूरा प्रयास है कि मेट्रो चलाने के बावजूद कोरोना को फैलने से रोका जा सके।

थर्मल सेंसर व थर्मामीटर हर स्टेशन पर

सवारियों की जांच करने के लिए हर स्टेशन पर पर्याप्त संख्या में थर्मल सेंसर व थर्मामीटर उपलब्ध रहेंगे। अगर कोई उपकरण खराब होता है तो तुरंत दूसरा उपलब्ध करा दिया जाएगा।

अन्य खबरे

Copyright © 2019-2020 Tricity. All Rights Reserved.