नई साल से शुरू होगा अपैरल पार्क का निर्माण, मिलेगा लाखों लोगों को रोजगार 

अच्छी खबर : नई साल से शुरू होगा अपैरल पार्क का निर्माण, मिलेगा लाखों लोगों को रोजगार 

नई साल से शुरू होगा अपैरल पार्क का निर्माण, मिलेगा लाखों लोगों को रोजगार 

Google Image | Symbolic Photo

नई साल से शुरू होगा अपैरल पार्क का निर्माण, मिलेगा लाखों लोगों को रोजगार  Noida News : नई साल से अपैरल पार्क में औद्योगिक इकाइयों का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। यह अपैरल पार्क यमुना एक्सप्रेसवे के पास बनाया जा रहा है। पार्क के बनने से तकरीबन 3 लाख लोगों को रोजगार मिलेगा। लेकिन सबसे अधिक महिलाओं को मिलेगा रोजगार।

बनाए जा रहे प्रशिक्षण सेंटर 
लोगों को रोजगार देने के लिए उन्हें कपड़े बनाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जिले के अलग-अलग गांवों में प्रशिक्षण सेंटर बनाए जा रहे हैं। जहां पर रोजगार के इच्छुक व्यक्तियों को 2 से 6 महीने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद जो कारीगर कुशल होंगे उन्हें नौकरी दी जाएगी। फिलहाल बिलासपुर और जेवर क्षेत्र में महिलाओं को सिलाई का निशुल्क प्रशिक्षण देने का कार्य शुरू कर दिया गया है। 

60 से 70 प्रतिशत होंगी महिलाएं 
नोएडा अपेरल एक्सपोर्ट कलस्टर अध्यक्ष ललिता ठुकराल ने बताया कि छोटे उद्योगों को बढ़ावा देने और कपड़े के व्यापार में लोगों को रोजगार देने के मकसद से इसे स्थापित किया जा रहा है। जिसका लाभ सभी को मिलेगा। इसके बनने से जिले में रोजगार बढ़ेगा और साथ ही गारमेंट इकाइयों का औद्योगिक विकास होगा। इस पार्क में 60 से 70 प्रतिशत महिलाओं को रोजगार मिलेगा। 

कपड़ा बनाने के लिए होगा आधुनिक मशीनों का इस्तेमाल 
यह अपैरल पार्क करीब 300 एकड़ में बनाया जाएगा। इस पार्क में 700 से अधिक छोटी-बड़ी गारमेंट एक्सपोर्ट की इकाइयां स्थापित होंगी। एक जिला, एक उत्पाद (ओडीओपी) के तहत अपैरल पार्क को विकसित किया जा रहा है। जनवरी 2022 से उद्यमियों को कब्जा प्रमाणपत्र मिलना शुरू हो जाएगा। जिसके बाद इकाइयों का निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। मेक इन नोएडा की तर्ज पर विकसित होने वाले इस अपैरल पार्क को कपड़ा मंत्रालय से मंजूरी मिल गई है। यह अपैरल पार्क करीब 40 करोड रुपए की लागत से बनाया जा रहा है। यह पार्क कई आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा। इस पार्क में कपड़े बनाने की आधुनिक मशीनों समेत ग्राफिक्स, डिजाइनिंग और कटिंग की व्यवस्था होगी। इसमें कई विदेशी उपकरणों का इस्तेमाल किया जाएगा। ताकि यह विदेश के कपड़ों को टक्कर दे सके। 

आईआईए के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राजीव बंसल ने बताया कि अपैरल पार्क में कपड़े उत्पादो से जुड़ी सभी तरह की इकाईयां होंगी। जिससे उद्यमियों को छोटे-छोटे उत्पादन ओं के लिए दूसरे जिले और प्रदेश पर निर्भर नहीं रहना होगा। जिससे उत्पादन की लागत भी काम आएगी। अभी चंडीगढ़, पंजाब और सूरत आदि की तरफ उद्यमियों को रुख करना पड़ता है। जिससे उत्पादों की लागत भी बढ़ रही है।

अन्य खबरे

Copyright © 2020 - 2021 Tricity. All Rights Reserved.