Greater Noida News : लंबे अरसे से गंगाजल का इंतजार अब खत्म होने जा रहा है। देहरा से इन्टेक के आगे तक गंगाजल पहले ही आ चुका है, अब प्राधिकरण ने सप्लाई के लिए लोकल नेटवर्क की कमिश्निंग शुरू कर दी है। कमिश्निंग के दौरान मिलने वाले लीकेज को दूर किया जा रहा है। शनिवार को सेक्टर अल्फा-वन और टू के नेटवर्क को गंगाजल पाइपलाइन से जोड़ते समय हुई नेटवर्क पाइप डैमेज तत्काल ठीक कारा कर क्षतिग्रस्त पाइप को ठीक कर दिया गया है।
नवंबर के अंत तक गंगाजल आपूर्ति का लक्ष्य
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ नरेंद्र भूषण ने बीते माह देहरा में बने प्लांट का शुभारंभ किया था। सीईओ ने जलकल विभाग को नवंबर के अंत तक गंगा जल आपूर्ति का लक्ष्य दिया था। इसे देखते हुए जल विभाग ने लोकल नेटवर्क को जोड़ने के लिए कमिश्निंग शुरू कर दी है। इस दौरान जहां भी लीकेज मिलती है, तो उसे दुरुस्त किया जा रहा है। कमिश्निंग के दौरान ही शनिवार को सेक्टर अल्फा वन व टू के नेटवर्क में हुई क्षति को तत्काल ठीक की गई । प्राधिकरण के जल विभाग की टीम तत्काल उस पर काम शुरू कर दिया। रात भर काम चला। रविवार सुबह लीकेज को बंद कर लिया गया।
2005 में हुआ था प्रोजेक्ट का ऐलान
बता दें कि गंग नहर के जरिए ग्रेटर नोएडा तक 85 क्यूसेक गंगाजल परियोजना पर काम चल रहा है। इस प्रोजेक्ट का ऐलान तो 2005 में हो गया था लेकिन किसानों से जमीन प्राप्त करने में अड़चन के चलते परियोजना पर काम शुरू नहीं हो सका। बीते तीन साल में ही इस परियोजना पर तेजी से काम हुआ है और अपर गंगा कैनाल से देहरा में बने प्राइमरी ट्रीटमेंट प्लांट से ग्रेटर नोएडा के जैतपुर में बने मास्टर रिजर्व वायर तक गंगाजल पहुचाने की तैयारिया की जा रही है।
पर्यावरण संरक्षण में मददगार होगा
सीईओ ने इस साल के अंत तक ग्रेटर नोएडा वासियों के घरों तक गंगाजल पहुंचाने का भी लक्ष्य दिया है। गंगाजल सप्लाई होने से ग्रेटर नोएडा के निवासियों को न सिर्फ और मीठा पानी मिल सकेगा। बल्कि ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण को भूजल बहुत कम निकालना पड़ेगा। इससे ग्रेटर नोएडा में पर्यावरण संरक्षण में मददगार होगा।